
किसानों के बीच पहुंचे मंत्री टंकराम वर्मा, मथाई, थरहा ढुलाई और धान रोपाई में लिया हिस्सा
माटी से मेरा रिश्ता कल भी था, आज भी है और सदैव बना रहेगा : राजस्व मंत्री टंक राम वर्मा
तिल्दा नेवरा/बलौदबाजार : छत्तीसगढ़ के बलौदाबाजार विधानसभा क्षेत्र के विधायक एवं प्रदेश के राजस्व मंत्री श्री टंक राम वर्मा ने एक बार फिर अपनी किसान पृष्ठभूमि और मिट्टी से अपने जुड़ाव को प्रदर्शित किया। मंत्री वर्मा आज खेतों में पहुंचकर किसानों के साथ मथाई, थरहा ढुलाई एवं धान की रोपाई करते नजर आए। इस दौरान उन्होंने कृषि कार्यों में हिस्सा लेते हुए किसानों का उत्साह बढ़ाया। जिसके चलते खेतो में काम करने वाले मजदूर किसानो का उत्साह दुगुना हो गया।
ज्ञात हो कि इस अवसर पर राजस्व मंत्री टंक राम वर्मा ने कहा कि “माटी से मेरा रिश्ता कल भी था, आज भी है और सदैव बना रहेगा।” उन्होंने कहा कि कृषक परिवार से होने के कारण खेत की मिट्टी को अपने हाथों से छूना और अन्न उत्पादन की प्रक्रिया का हिस्सा बनना उनके लिए हमेशा आत्मीयता, गर्व और आनंद का विषय रहा है।
उन्होंने कहा कि किसान केवल फसल नहीं उगाते, बल्कि अपने परिश्रम और पसीने से देश के भविष्य का निर्माण करते हैं। खेतों में लहलहाती फसल किसानों के सपनों, मेहनत और उनके परिवार के उज्ज्वल भविष्य की उम्मीद होती है। इसलिए किसानों के सम्मान और उनकी समृद्धि के लिए सरकार निरंतर कार्य कर रही है।
इस अवसर पर मंत्री वर्मा ने कहा कि प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी और मुख्यमंत्री श्री विष्णु देव साय के नेतृत्व वाली डबल इंजन सरकार की सर्वोच्च प्राथमिकता किसानों का कल्याण और ग्रामीण अर्थव्यवस्था को मजबूत बनाना है। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार किसानों के हित में कई योजनाएं संचालित कर रही है, जिससे किसानों को आर्थिक मजबूती मिल रही है।
गौरतलब हो कि खेतों में मंत्री को अपने बीच पाकर किसानों में भी उत्साह देखने को मिला। किसानों ने उनके साथ कृषि कार्यों को लेकर चर्चा की और खेती-किसानी से जुड़ी समस्याओं एवं सुझावों से अवगत कराया। मंत्री वर्मा ने किसानों को भरोसा दिलाया कि सरकार अन्नदाताओं के हितों की रक्षा के लिए हमेशा तत्पर है।
इस दौरान ग्रामीणों एवं किसानों ने मंत्री के सरल स्वभाव और खेतों में उतरकर उनके साथ काम करने की पहल की सराहना की। उन्होंने कहा कि जनप्रतिनिधि के रूप में मंत्री का किसानों के बीच पहुंचना और उनकी मेहनत को करीब से समझना सकारात्मक संदेश देता है।





