
ब्रेकिंग : रायपुर ग्रामीण पुलिस का विशेष सत्यापन अभियान हुआ शुरू थाने मे लगी लंबी कतार संदिग्ध व्यक्ति की खैर नहीं
तिल्दा-नेवरा में घर-घर पहुंचकर किरायेदारों और संदिग्ध व्यक्तियों की पुलिस कर रही है गहन जांच
तिल्दा नेवरा /रायपुर : छत्तीसगढ़ के रायपुर जिले में कानून-व्यवस्था को और अधिक सुदृढ़ बनाने तथा अपराधों पर प्रभावी नियंत्रण स्थापित करने के उद्देश्य से रायपुर ग्रामीण पुलिस ने थाना तिल्दा-नेवरा क्षेत्र में विशेष किरायेदार सत्यापन एवं संदिग्ध व्यक्तियों की जांच अभियान शुरू किया है। अभियान के तहत पुलिस की टीमें विभिन्न वार्डों, मोहल्लों और किराये के मकानों में पहुंचकर किरायेदारों के दस्तावेजों का सत्यापन कर रही हैं। साथ ही क्षेत्र में रह रहे संदिग्ध व्यक्तियों और अवैध रूप से निवास कर रहे लोगों की पहचान के लिए भी गहन जांच की जा रही है।
गौरतलब हो कि पुलिस के अनुसार यह अभियान पुलिस अधीक्षक रायपुर ग्रामीण स्वेता सिन्हा श्रीवास्तव के निर्देशन में संचालित किया जा रहा है। अभियान का संचालन अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक एवं संबंधित अनुविभागीय अधिकारी पुलिस (एसडीओपी) के मार्गदर्शन में किया जा रहा है। इसका उद्देश्य क्षेत्र में सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत करना, अपराधों की रोकथाम करना तथा बिना सत्यापन के रह रहे किरायेदारों और संदिग्ध व्यक्तियों की पहचान सुनिश्चित करना है।
घर-घर पहुंच रही पुलिस टीम
ज्ञात हो कि अभियान के दौरान थाना तिल्दा-नेवरा पुलिस की टीम घर-घर जाकर किरायेदारों के पहचान पत्र, निवास संबंधी दस्तावेज, आधार कार्ड, अन्य आवश्यक अभिलेखों तथा उपलब्ध रिकॉर्ड का सत्यापन कर रही है। इसके साथ ही मकान मालिकों एवं स्थानीय नागरिकों से भी आवश्यक जानकारी एकत्र की जा रही है, ताकि क्षेत्र में रहने वाले प्रत्येक व्यक्ति का सत्यापित रिकॉर्ड तैयार किया जा सके।
पुलिस अधिकारियों का कहना है कि किरायेदार सत्यापन कानून-व्यवस्था बनाए रखने की दिशा में एक महत्वपूर्ण प्रक्रिया है। कई बार बिना सत्यापन के रहने वाले व्यक्तियों की पहचान समय पर नहीं हो पाती, जिससे अपराधों की जांच और अपराधियों तक पहुंचने में कठिनाइयों का सामना करना पड़ता है। ऐसे में समय-समय पर चलाए जाने वाले इस प्रकार के अभियान अपराध नियंत्रण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं।
पुलिस द्वारा मकान मालिकों को दी गई समझाइश
जानकारी के अनुसार सत्यापन अभियान के दौरान पुलिस ने मकान मालिकों को भी जागरूक किया। उन्हें स्पष्ट रूप से समझाइश दी गई कि किसी भी व्यक्ति को किराये पर मकान देने से पहले उसका पुलिस सत्यापन अवश्य कराएं। अधिकारियों ने बताया कि किरायेदार का सत्यापन न केवल मकान मालिक की सुरक्षा के लिए आवश्यक है, बल्कि किसी भी अप्रिय घटना की स्थिति में जांच प्रक्रिया को भी आसान बनाता है।
पुलिस ने यह भी कहा कि क्षेत्र की सुरक्षा व्यवस्था बनाए रखने में आम नागरिकों और मकान मालिकों की सक्रिय भागीदारी अत्यंत महत्वपूर्ण है। यदि सभी लोग किरायेदार सत्यापन की प्रक्रिया का पालन करेंगे तो अपराधों की रोकथाम में काफी मदद मिलेगी।
पुलिस का अंचलवासीयो संदिग्ध गतिविधियों की सूचना देने की अपील
अवगत हो कि थाना तिल्दा-नेवरा पुलिस ने क्षेत्रवासियों से अपील की है कि यदि उनके आसपास कोई संदिग्ध व्यक्ति निवास कर रहा हो अथवा किसी प्रकार की संदिग्ध गतिविधि दिखाई दे रही हो तो इसकी सूचना तत्काल पुलिस को दें। पुलिस ने भरोसा दिलाया है कि सूचना देने वाले व्यक्ति की पहचान पूरी तरह गोपनीय रखी जाएगी तथा प्राप्त सूचना के आधार पर आवश्यक कानूनी कार्रवाई की जाएगी।
अभियान रहेगा जारी
पुलिस अधिकारियों ने बताया कि विशेष सत्यापन अभियान अभी जारी है। अभियान पूर्ण होने के बाद विस्तृत प्रेस विज्ञप्ति जारी की जाएगी, जिसमें सत्यापित किए गए किरायेदारों की संख्या, जांच के दौरान सामने आए तथ्यों तथा की गई अन्य कार्रवाई की जानकारी साझा की जाएगी।रायपुर ग्रामीण पुलिस का कहना है कि भविष्य में भी इस प्रकार के विशेष सत्यापन अभियान नियमित रूप से चलाए जाएंगे, ताकि क्षेत्र में शांति, सुरक्षा और कानून-व्यवस्था को प्रभावी ढंग से बनाए रखा जा सके तथा अपराधियों और असामाजिक तत्वों पर प्रभावी अंकुश लगाया जा सके।





