
स्व.पं.नरेन्द्र मालूराम शर्मा व BNB स्कूल के बच्चों का हुआ सम्मान मुख्यमंत्री ने लोकतंत्र रक्षकों को किया नमन
तिल्दा के लोकतंत्र सेनानियों व स्कूली बच्चों को मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने किया सम्मानीत
तिल्दा नेवरा : देश में मनाये जाने वाले आपातकाल की 51वीं स्मृति के अवसर पर इसी तारतम्य मे छत्तीसगढ़ प्रदेश की राजधानी रायपुर स्थित पंडित दीनदयाल उपाध्याय ऑडिटोरियम में लोकतंत्र सेनानियों के सम्मान का भव्य समारोह आयोजित किया गया।जिसमे इस कार्यक्रम में प्रदेश के मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने लोकतंत्र सेनानियों एवं उनके परिजनों का सम्मान किया। अवगत हो कि इस अवसर पर लोकतंत्र सेनानी परिवार से स्वर्गीय पंडित नरेंद्र मालूराम शर्मा एवं स्वर्गीय शत्रुघ्न वर्मा के परिजनों को भी सम्मानित किया गया।
बता दे कि मुख्यमंत्री विष्णुदेव साय ने आपातकाल के दौरान लोकतंत्र की रक्षा के लिए संघर्ष करने वाले सेनानियों के त्याग, साहस और बलिदान को नमन करते हुए। कहा कि उनका योगदान सदैव स्मरणीय रहेगा। कार्यक्रम में आपातकाल विषय पर आयोजित राज्य स्तरीय निबंध प्रतियोगिता के विजेता विद्यार्थियों को भी मुख्यमंत्री के कर-कमलों से सम्मानित एवं पुरस्कृत किया गया।
गौरतलब हो कि इस अवसर पर कार्यक्रम में विधानसभा अध्यक्ष व पूर्व मुख्यमंत्री डॉ. रमन सिंह, केंद्रीय राज्य मंत्री तोखन साहू, राज्यसभा सांसद श्रीमती लक्ष्मी वर्मा, लोकतंत्र सेनानी संघ के राष्ट्रीय अध्यक्ष कैलाश सोनी, राष्ट्रीय उपाध्यक्ष सच्चिदानंद उपासने, वरिष्ठ पदाधिकारी संतोष शर्मा, लोकतंत्र प्रहरी के प्रदेश अध्यक्ष विशाल राजहंस, प्रदेश महामंत्री पंडित नरेंद्र मालूराम शर्मा, रायपुर जिला ग्रामीण अध्यक्ष सौरभ जैन, नारी शक्ति की प्रतिनिधि रानी जैन सहित अनेक लोकतंत्र सेनानी, जनप्रतिनिधि, सामाजिक कार्यकर्ता एवं गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।
ज्ञात हो कि इस अवसर पर राज्यसभा सांसद श्रीमती लक्ष्मी वर्मा ने भी लोकतंत्र सेनानियों का सम्मान करते हुए उनके संघर्ष और लोकतंत्र के प्रति समर्पण की सराहना की।
लोकतंत्र प्रहरी एवं लोकतंत्र सेनानी संगठन के पदाधिकारियों ने बताया कि इस आयोजन का उद्देश्य आपातकाल के दौरान लोकतंत्र की रक्षा के लिए संघर्ष करने वाले सेनानियों के त्याग एवं बलिदान को स्मरण करना तथा नई पीढ़ी को लोकतांत्रिक मूल्यों के प्रति जागरूक करना है।
वही इस कार्यक्रम में प्रदेशभर से लोकतंत्र सेनानी, उनके परिजन, विद्यार्थी, सामाजिक कार्यकर्ता एवं नागरिक बड़ी संख्या में उपस्थित रहे।





